मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी ने मौसम विभाग द्वारा अगले दो दिनों के लिए जारी रेड अलर्ट की चेतावनी को देखते हुए सचिव, आपदा प्रबंधन एवं पुनर्वास श्री विनोद कुमार सुमन से वार्ता कर सभी संबंधित जनपदों एवं विभागों को आवश्यक एहतियाती कदम उठाने के निर्देश दिए हैं।
रेड एवं ऑरेंज अलर्ट वाले जनपदों में विशेष सतर्कता बरती जाए, संवेदनशील क्षेत्रों में लगातार निगरानी रखी जाए तथा किसी भी संभावित आपदा की स्थिति में राहत एवं बचाव कार्यों के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पहले से सुनिश्चित की जाएं। साथ ही जिला आपातकालीन संचालन केंद्रों को सक्रिय रखते हुए मौसम संबंधी चेतावनियों का तत्काल स्थानीय स्तर तक प्रसार सुनिश्चित करने को कहा गया है।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर सचिव ने आज बैठक कर सभी जनपदों को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए हैं। सचिव ने बताया कि मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार 26 सितंबर को बागेश्वर, पिथौरागढ़, चंपावत, नैनीताल व ऊधमसिंह नगर में रेड अलर्ट, देहरादून, पौड़ी गढ़वाल, रुद्रप्रयाग, चमोली व अल्मोड़ा में ऑरेंज अलर्ट तथा हरिद्वार, उत्तरकाशी व टिहरी गढ़वाल में येलो अलर्ट जारी किया है।
मौसम विभाग की चेतावनी के मद्देनजर सचिव ने सभी 13 जनपदों के साथ बैठक कर अलर्ट मोड पर रहने तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। सचिव ने कहा कि भूस्खलन की दृष्टि से संवेदनशील सड़कों एवं क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखते हुए जेसीबी एवं अन्य आवश्यक मशीनरी को रणनीतिक स्थानों पर तैयार रखा जाए, ताकि मार्ग अवरुद्ध होने की स्थिति में तत्काल यातायात सुचारू किया जा सके।
सचिव ने यह भी निर्देश दिए कि पर्वतीय मार्गों पर मौसम और सड़क की स्थिति को देखते हुए ही यातायात संचालित किया जाए तथा भूस्खलन एवं अतिवृष्टि की आशंका वाले क्षेत्रों में अनावश्यक आवागमन न किया जाए।
उन्होंने कहा कि किसी भी आपात स्थिति में राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के टोल फ्री नंबर 1070, जिला आपातकालीन संचालन केंद्र के नंबर 1077 तथा आपातकालीन सेवा 112 पर संपर्क किया जा सकता है।