काशीपुर, द्रोण सागर बाइपास रोड पर गिरिताल मंदिर के पास सड़क के दोनों ओर प्रशासन की नाक के नीचे तेजी से अतिक्रमण हो रहा है,। सबसे आश्चर्यजनक बात यह है की विपक्ष के जिन नेता जी ने नगर निगम द्वारा गिरिताल के पास सड़क किनारे प्रस्तावित वेंडिंग ज़ोन बनाए जाने की योजना पर खूब हो हाल मचाया और प्रेस और मीडिया में इसे निगम द्वारा सरकारी सड़क पर जबरन अतिक्रमण करना घोषित कर दिया, नेता जी ने जनता को उकसा कर निगम की फूड वेंडिंग ज़ोन का निर्माण कार्य तो रुकवा दिया, किन्तु उसी स्थान पर लगातार लोगों द्वारा किए जा रहे अवैध अतिक्रमण पर विपक्ष और पक्ष के नेता जी ने आंखे मूँद ली हैं।
गौरतलब है कांग्रेस के एक पूर्व पार्षद प्रत्याशी ने तो वेंडिंग ज़ोन का विरोध करते हुए आंदोलन की चेतावनी भी नगर निगम मेयर को दे दी थी, उस समय विपक्ष के नेता जी और पूर्व पार्षद प्रत्याशी जी का कहना था की इस प्रकार वेंडिंग ज़ोन बनाए जाने से सड़क पर हादसों की आशंका बनी रहेगी, साथ ही यहाँ रहने वाले लोगों की निजता और शांति भी खतरे में पड़ जाएगी, स्थानीय लोगों ने भी इन्ही कारणों के चलते वेंडिंग जोन बनाए जाने का विरोध किया था। लेकिन अगर आप वास्तविक स्तिथि देखेंगे तो पाएंगे की सड़क के दोनों ओर तेजी से अतिक्रमण किया जा रहा है, हर 50 मीटर पर कोई फड़ या ठेला खड़ा कर अतिक्रमण हो रहा है। चामुंडा विहार चौक पर मुख्य सड़क पर तो बकायदा 200 से 300 फिट जगह में छप्पर डाल कर पूरा होटल ही बना दिया गया है जिसमे अब एक खिलौने की दुकान भी खुल गयी है।
हालांकि अब न जाने क्यूँ सभी स्थानीय लोग, कांग्रेस के नेता गण जो कल तक वेंडिंग जोन को सड़क पर अतिक्रमण की संज्ञा दे रहे थे, सड़क पर हो रहे अवैध अतिक्रमण पर चुप्पी साध गए हैं, सबसे दिलचस्प बात यह है की स्वयं काशीपुर नगर निगम मेयर, नगर आयुक्त महोदय और उपजीलाधिकारी महोदय भी स्वयं रोज इस सड़क से गुजरते हैं लेकिन अवैध अतिक्रमण की तरफ आंखे मूँद कर आगे निकाल जाते हैं। सवाल यह उठता है की क्या नगर निगम और प्रशासन ने लोगों को द्रोणा बाइपास रोड पर अतिक्रमण करने की मौन सहमति दे दी है, और क्या विपक्ष के नेता जी का काम केवल हंगामा खड़ा करना ही था तस्वीर बदलने की पड़ी उनको भी नहीं है।कल तक जिन नेता जी को वेंडिंग जोन बन जाने से सुबह शाम की सैर में दिक्कत आने का डर लगने लगा था अवैध अतिक्रमण पर उन्हे कोई ऐतराज नहीं, तो क्या माना जाए की उनका हो हल्ला सब राजनीतिक है ।